रांची, 30 अगस्त( हि.स.) रांची उपायुक्त के जनता दरबार में सुनी गई एक छोटी सी फरियाद ने शनिवार को बेड़ो प्रखंड के कला दल के चेहरे पर मुस्कान ला दी। करमा पर्व की पूर्व संध्या पर उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी मंजूनाथ भजन्त्री के संकल्प और संवेदनशील पहल से कला दल को दो मांदर उपलब्ध करवाये गये।
कुछ दिन पूर्व उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी मंजूनाथ भजन्त्री के जनता दरबार में कला दल के सदस्यों ने बताया था कि उनके पास पारंपरिक वाद्ययंत्र मांदर नहीं है। बिना मांदर उनके सांस्कृतिक कार्यक्रम अधूरे लगते हैं। इस निवेदन को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त ने कला दल को दो मांदर उपलब्ध कराये।
मांदर मिलने के बाद कलाकारों की खुशी देखते ही बन रही थी। उन्होंने जिला प्रशासन को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए करमा पर्व की पूर्व संध्या पर विशेष रूप से आमंत्रित भी किया। अब कला दल करमा पर्व को झारखंड की असली सांस्कृतिक धुन और उल्लास के साथ मना सकेगा। यह पहल न केवल परंपरा को जीवंत बनाने, बल्कि ग्रामीण संस्कृति और लोककला के संरक्षण की दिशा में भी अहम कदम है।
उपायुक्त ने इस अवसर पर कहा कि हमारी लोक संस्कृति हमारी पहचान है। कलाकारों की जरूरत पूरी करना प्रशासन की जिम्मेदारी ही नहीं, बल्कि गर्व की बात है। करमा जैसे पर्व हमारे समाज को जोड़ने का काम करते हैं, इसे और भव्य बनाने में प्रशासन हमेशा साथ रहेगा।
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(Udaipur Kiran) / विकाश कुमार पांडे